उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में सत्यापित कृषि भूमि, खेत, आवासीय प्लॉट और व्यावसायिक जमीन। यूपी भूलेख (UP Bhulekh) राजस्व रिकॉर्ड जांच, सर्किल रेट, विधिक अनुपालन एवं 0% ब्रोकरेज के साथ सीधे जमीन मालिक से संपर्क।
उत्तर प्रदेश में धारा 143 (वर्तमान धारा 80) के तहत कृषि भूमि का गैर-कृषि उपयोग (आवासीय/व्यावसायिक डायवर्सन) आवश्यक है। धारा 154 के तहत कृषि भूमि की अधिकतम जोत सीमा (Ceiling Limit 12.5 एकड़) लागू होती है। अनुसूचित जाति (SC/ST) की भूमि गैर-दलित को अंतरण करने हेतु कलेक्टर की पूर्व अनुमति अनिवार्य है।
सीधे भू-मालिकों व किसानों द्वारा 0% ब्रोकरेज पर पोस्ट की गई संपत्तियां
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यूपी भूलेख (UP Bhulekh) (https://upbhulekh.gov.in) पर जाकर जिला, तहसील एवं ग्राम का चयन करके खसरा/गाटा संख्या अथवा भू-स्वामी के नाम से डिजिटल हस्ताक्षरित खतौनी निकाली जा सकती है।
उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता, 2006 (UP Revenue Code 2006) के तहत स्वामित्व श्रृंखला (30-Year Link Deeds), उप-पंजीयक से भारमुक्ति प्रमाण पत्र (EC), सीमांकन और किसी भी बैंक बंधक (Mortgage/Lien) की गहन पड़ताल अनिवार्य है।
हाँ, अचल संपदा भारत का 0% ब्रोकरेज नीड-फर्स्ट नेटवर्क है, जहाँ क्रेता व विक्रेता बिना किसी बिचौलिए या दलाली के सीधे एक-दूसरे से जुड़ सकते हैं।
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जमीन का सौदा करने से पूर्व आवश्यक कानूनी व तकनीकी नियम
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